Modern Library: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अटल ज्ञान केन्द्रों को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित कर युवाओं को गांव में ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का अवसर देने पर जोर दिया।

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जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि अटल ज्ञान केन्द्रों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए अब पंचायत स्तर पर ही आधुनिक लाइब्रेरी सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी। राज्य सरकार की मंशा है कि गांव का युवा गांव में ही रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर सके। इसके लिए अटल ज्ञान केन्द्रों को समुचित मूलभूत और आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया जाएगा, ताकि युवाओं को पढ़ाई के लिए शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़े।
मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री कार्यालय में आयोजित बैठक में निर्देश दिए कि अटल ज्ञान केन्द्रों पर प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित उपयोगी पुस्तकें, पत्र-पत्रिकाएं और डिजिटल संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। साथ ही, इन केन्द्रों पर ई-मित्र सेवाएं और ऑनलाइन कक्षाओं की सुविधा भी विकसित की जाए। उन्होंने कहा कि अटल ज्ञान केन्द्रों के नए भवनों के निर्माण में गुणवत्ता और उपयोगिता का विशेष ध्यान रखा जाए। प्रत्येक केन्द्र का मानक नक्शा तैयार कर उसे मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि 19 मार्च से संचालित मुख्यमंत्री विकसित ग्राम-शहरी वार्ड अभियान की निरंतर मॉनिटरिंग कर अब तक की प्रगति रिपोर्ट तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान प्राप्त सुझावों का विश्लेषण कर शिक्षा, चिकित्सा और आधारभूत सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जाए। साथ ही, आगामी दिनों के लिए ठोस कार्ययोजना बनाकर ग्राम सभाओं के बिंदु तय किए जाएं। इनमें आगामी वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान और वृक्षारोपण अभियान की तैयारियों को प्राथमिकता दी जाए तथा इन अभियानों में अधिक से अधिक जनभागीदारी सुनिश्चित की जाए
जयपुर बने स्मार्ट मैनेजमेंट और उन्नत तकनीक आधारित मॉडल सिटी
मुख्यमंत्री ने स्वायत्त शासन विभाग को अपशिष्ट प्रबंधन को मजबूत बनाने के लिए एकीकृत कंट्रोल रूम मॉडल को सुदृढ़ रूप से अपनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इसके तहत जयपुर को स्मार्ट मैनेजमेंट और उन्नत तकनीक आधारित मॉडल सिटी के रूप में विकसित किया जाए, जिससे स्वच्छता, स्वास्थ्य और सार्वजनिक सुरक्षा को मजबूती मिल सके।
मुख्यमंत्री ने अमृत 2.0 योजना के अंतर्गत सीवरेज कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में देरी से लागत बढ़ती है, इसलिए किसी भी प्रकार की देरी के लिए जिम्मेदारी तय कर कड़ी कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि मानसून से पहले सीवरेज कार्यों से प्रभावित सड़कों के गड्ढों और क्षतिग्रस्त हिस्सों की मरम्मत कर दी जाए, ताकि बारिश के मौसम में आमजन को परेशानी न हो। साथ ही, एफएसटीपी और शहरी क्षेत्रों में स्ट्रीट लाइट लगाने के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए।
